Uttarakhand Local Body Election: उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव से ठीक पहले हुए तीन नगर निकायों के चुनाव परिणाम सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी के लिए अच्छे संकेत नहीं लेकर आए हैं. गुरुवार को घोषित हुए नतीजों में भाजपा को तगड़ा झटका लगा है. पार्टी तीन अध्यक्ष पदों में से केवल एक सीट ही जीत सकी. बाकी दो महत्वपूर्ण सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने शानदार जीत दर्ज कर भाजपा के गणित को बिगाड़ दिया है.
मुख्यमंत्री के क्षेत्र में सबसे बड़ा उलटफेर
इस चुनाव का सबसे चौंकाने वाला परिणाम मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विधानसभा क्षेत्र चंपावत से आया है. यहां के पाटी नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए कांटे की टक्कर देखने को मिली. स्थिति यह थी कि वोटों की तीन बार दोबारा गिनती (रीकाउंटिंग) करानी पड़ी. इसके बावजूद भाजपा उम्मीदवार नवीन राम को शिकस्त का सामना करना पड़ा.
गढ़ीनेगी में भी संगठन को मिली शिकस्त
भाजपा को दूसरा झटका उधम सिंह नगर जिले की नवनिर्वाचित गढ़ीनेगी नगर पंचायत में लगा. पांच प्रत्याशियों के बीच हुए इस कड़े मुकाबले में निर्दलीय उम्मीदवार अभिषेक सुखीजा ने बाजी मार ली. सुखीजा ने भाजपा के सचिन बाठला को 94 वोटों से पराजित कर अध्यक्ष पद की कुर्सी अपने नाम कर ली. हालांकि, अपनी जीत के बाद अभिषेक सुखीजा ने भी संकेत दिए हैं कि वे आने वाले दिनों में भाजपा में शामिल हो सकते हैं.
नरेंद्रनगर में बची लाज, पर वार्डों में कड़ा मुकाबला
टिहरी जिले की नरेंद्र नगर पालिका परिषद में तकनीकी कारणों से भाजपा की लाज बच गई. यहां कांग्रेस उम्मीदवार का नामांकन पत्र खारिज हो गया था, जिसके चलते भाजपा के पूर्व पालिकाध्यक्ष राजेंद्र विक्रम सिंह पंवार को निर्विरोध अध्यक्ष चुन लिया गया. लेकिन यहां भी वार्डों की जंग आसान नहीं थी. सात वार्ड सभासदों के चुनाव में भाजपा को कांग्रेस से कड़ी टक्कर मिली. इनमें से 4 वार्डों पर भाजपा और 3 पर कांग्रेस ने कब्जा जमाया.


More Stories
देहरादून : सोलर प्रोजेक्टों पर टैरिफ विवाद, UERC ने UREDA से मांगा रिकॉर्ड; 200 KV क्षमता की 10 याचिकाओं पर हुई सुनवाई
UAPA लगाने पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त! हल्द्वानी हिंसा मामले में आरोपी की जमानत बरकरार, धामी सरकार को लगाई फटकार
2 दिन के ब्रेक के बाद उत्तराखंड में चारधाम यात्रा फिर शुरू, सुबह 6 बजे से श्रद्धालुओं की आवाजाही जारी