Uttarakhand Mashal Julus Protest Viral Video: उत्तराखंड के टिहरी जिले में लंबे समय से चली आ रही पानी के समस्या को लेकर गुरुवार हो लोगों का गुस्सा फुट पड़ा. मामला देवप्रयाग विधानसभा के हिंसरियाखाल क्षेत्र में का है. यहां जिला पंचायत सदस्य और देवप्रयाग कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष उत्तम सिंह असवाल के नेतृत्व में ग्रामीणों ने हिंसरियाखाल बाजार में देर शाम एक बड़ा मशाल जुलूस निकाला. इस दौरान सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर अपना विरोध दर्ज करवाया गया. प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने सरकार और पेयजल विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जल्द पानी के समस्या हो ठीक करने की मांग उठाई.
प्रदर्शनकारियों ने लगाया ये आरोप
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे कांग्रेस नेता उत्तम सिंह असवाल ने सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि हिंसरियाखाल क्षेत्र की करीब 16 ग्राम सभाएं इस समय भीषण जल संकट का सामना कर रही हैं. क्षेत्र को पानी देने वाली हिडमकेधार पंपिंग योजना पूरी तरह चरमरा गई है. इस योजना से जुड़े गांवों में कई-कई हफ्तों तक पानी की एक बूंद नहीं पहुंचती है और कभी-कभार जब पानी आता भी है तो वह सिर्फ एक या दो दिन ही मिल पाता है.
जल जीवन मिशन की योजना पर उठाए सवाल
उत्तम सिंह असवाल ने आरोप लगाया कि राज्य की डबल इंजन सरकार के साथ-साथ क्षेत्र के विधायक और सांसद जनता की इस गंभीर समस्या को लेकर बिल्कुल भी गंभीर नहीं हैं. उन्होंने कहा कि कीर्तिनगर और हिंडोलाखाल ब्लॉक में केंद्र और राज्य सरकार की जल जीवन मिशन योजनाएं पूरी तरह से फेल साबित हो चुकी हैं. कागजों पर बनी इन योजनाओं का जमीन पर कोई असर नहीं दिख रहा है जिससे ग्रामीणों को रोज पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है.
पांच-छह दिनों के अंतराल के बाद आ रहा पानी-ग्रामीण
इस जल संकट का सबसे ज्यादा असर घर संभालने वाली महिलाओं पर पड़ रहा है. प्रदर्शन में शामिल ग्रामीण महिलाओं ममता देवी, आशा देवी और देवश्वरी देवी ने अपना दर्द बयां करते हुए कहा कि गांव में पांच-छह दिनों के अंतराल के बाद पानी आ रहा है जिससे घर का खर्च और चूल्हा चौका चलाना बेहद मुश्किल हो गया है. पानी न होने की वजह से खाना बनाने, कपड़े धोने और पशुओं के साथ-साथ अपनी दैनिक जरूरतों को पूरा करने में भारी दिक्कत आ रही है. महिलाओं ने आरोप लगाया कि सरकार सिर्फ आश्वासन देती है लेकिन जमीन पर कुछ नहीं बदलता.


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